रूस से तेल खरीद पर भारत को राहत, मार्को रुबियो बोले- टैरिफ लगाने से पहले सोचना जरूरी

नई दिल्ली
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा 100 प्रतिशत टैरिफ पर रोक लगाने के फैसले के एक दिन बाद अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो का बड़ा बयान सामने आया है। रुबियो ने भारत को अमेरिका का एक महत्वपूर्ण सहयोगी और पार्टनर बताया है। उन्होंने कहा कि भारत पर कोई भी टैरिफ या प्रतिबंध लगाने से पहले ऊर्जा जरूरतों और दुनिया पर पड़ने वाले इसके प्रभाव का ध्यान रखना बेहद जरूरी है।

आपको बता दें कि अमेरिका ने कुछ ही महीने एक कानून पारित किया जिसके तहत रूस से कच्चा तेल और गैस खरीदने वाले दुनिया के 5 सबसे बड़े देशों से आने वाले सामानों पर 100% तक का टैरिफ लगाने का प्रावधान था। इन पांच बड़े देशों में भारत भी शामिल है।

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस कानून को फिलहाल रोक दिया है। विदेश मंत्री रुबियो इस महीने के अंत में भारत आने वाले हैं। वह दुनिया की सबसे बड़ी रिफाइनरियों में से एक जामनगर का भी दौरा करने वाले हैं। रुबियो ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति इस कानून के दूरगामी प्रभावों का आकलन करने के लिए 60 दिनों की समय-सीमा का उपयोग करना चाहते हैं।

आर्थिक प्रभाव का आकलन
रुबियो ने कहा, "ये प्रतिबंध सिर्फ रूस पर नहीं थे, बल्कि भारत जैसे सहयोगी देशों पर भी भारी टैरिफ लगाते हैं। राष्ट्रपति ट्रंप यह समझना चाहते हैं कि इन प्रतिबंधों और शुल्कों का अमेरिकी और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर क्या असर पड़ेगा।" उन्होंने माना कि भारत ने स्वेच्छा से अपने ऊर्जा संसाधनों में विविधता लाने की कोशिश की है। लेकिन रूस से मिलने वाली ऊर्जा की पूर्ति को एक दिन में बंद कर देना व्यावहारिक नहीं है।

वैश्विक संकट और कीमतों पर दबाव
अमेरिका ने इस बात का भी ध्यान रखा है कि वर्तमान में मध्य पूर्व में हूती विद्रोहियों द्वारा सऊदी अरब पर हमलों, लाल सागर में तनाव और यूक्रेन युद्ध के कारण वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर पहले से ही भारी दबाव और महंगाई बनी हुई है।

आपको बता दें कि राष्ट्रपति ट्रंप ने अमेरिकी संसद को दी अपनी रिपोर्ट में स्पष्ट किया है कि इन प्रतिबंधों और शुल्कों को टालना खुद अमेरिका के राष्ट्रीय हित में है। हाल ही में अमेरिका ने रूस के साथ ईंधन आपूर्ति को लेकर एक समझौता भी किया है, जिसके तहत रूस से अमेरिका को डीजल की आपूर्ति की जाएगी।

Recent Post

Live Cricket Update

You May Like This

error: Content is protected !!

4th piller को सपोर्ट करने के लिए आप Gpay - 7587428786