सतना
जिले में इस वर्ष हुई अतिवृष्टि का असर सड़क अधोसंरचना पर भी पड़ा है। लगातार बारिश के चलते लोक निर्माण विभाग के सतना संभाग के अंतर्गत आने वाले विभिन्न मार्गों के करीब 260.04 किलोमीटर हिस्से के क्षतिग्रस्त होने की जानकारी सामने आई है। विभाग द्वारा 30 अगस्त 2026 की स्थिति में तैयार रिपोर्ट में कुल 28 से अधिक मार्गों पर बारिश से हुए नुकसान का आकलन किया गया है।
रिपोर्ट के अनुसार क्षतिग्रस्त सड़कों की स्थायी मरम्मत अथवा पुनर्स्थापना के लिए 421.50 लाख रुपये की आवश्यकता आंकी गई है, जबकि अस्थायी मरम्मत के लिए 105.20 लाख रुपये की जरूरत बताई गई है। इसके अलावा विभिन्न स्थानों पर क्षतिग्रस्त पुल, पुलिया और कलवर्ट की मरम्मत एवं पुनर्स्थापना के लिए भी अलग से राशि का आकलन किया गया है। लोक निर्माण विभाग की यह रिपोर्ट 30 अगस्त 2026 की स्थिति पर आधारित है।
मझगवां में सबसे ज्यादा असर
विभागीय आंकड़ों में मझगवां क्षेत्र के कई मार्गों पर बारिश से नुकसान दर्ज किया गया है। सेमरिया-धारकुंडी मार्ग की कुल लंबाई 17.40 किमी में से करीब 8 किमी हिस्से के क्षतिग्रस्त होने की जानकारी दी गई है। वहीं मझगवां-पिंडरा-नकैला-बरौंधा-जवारिन मार्ग, मझगवां-पटना-पहाड़ीखेरा मार्ग सहित अन्य सड़कों को भी नुकसान पहुंचा है। मझगवां क्षेत्र के ग्रामीण मार्गों में बहेरा-करौंदी-सुकवाह मार्ग, पंडुहार-पहुंच मार्ग, नयागांव-सभापुर मार्ग, बिरसिंहपुर-हरसेड़ मार्ग, महतैन-केल्हौरा-ब्रह्मकुंड मार्ग सहित कई सड़कें प्रभावित हुई हैं।
उचेहरा, नागौद और रामनगर की सड़कें भी प्रभावित
उचेहरा क्षेत्र में झुंझकुल-रगौली मार्ग और परसमनिया-दुरेहा मार्ग में क्षति दर्ज की गई है। नागौद क्षेत्र में लालचहा-मढ़ा-खमरेही-मजनेही मार्ग, कुलपुरा पहुंच मार्ग, शहरपुर-राजापुर तथा कचलोहा मार्ग सहित अन्य मार्गों पर भी बारिश का असर पड़ा है। रिपोर्ट में रामनगर क्षेत्र के जितना-हिनौती, जितना-अरगट, आदर्श नगर-जट्ठा टोला तथा सनईवर्षा पावर हाउस मार्गों को भी क्षतिग्रस्त बताया गया है।








