बेलागावी
किसी की मौत के तीन महीने बाद अगर पुलिस कब्र खुदवाकर शव बाहर निकाले, तो साफ है कि कहानी वहीं खत्म नहीं हुई. कर्नाटक के बेलगावी में रहने वाले पूर्व सैनिक संदीप मंजारी के साथ कुछ ऐसा ही हुआ. पहले सड़क हादसा हुआ, फिर अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई. परिवार ने अंतिम संस्कार कर दिया और मामला खत्म मान लिया गया. लेकिन तीन महीने बाद ऐसे आरोप सामने आए कि पुलिस को कब्र तक पहुंचना पड़ा।
अब सवाल यह है कि क्या यह सिर्फ एक सड़क हादसा था, या फिर करोड़ों रुपये के बीमा के लिए रची गई एक सोची-समझी साजिश? 45 साल के संदीप मंजारी बेलगावी के हुक्केरी तालुक के घोडगेरी गांव के रहने वाले थे. वह भारतीय सेना में रह चुके थे. इसी साल एक मंदिर मेले से लौटते समय उनकी सड़क दुर्घटना हो गई।
इसके बाद घायल हालत में उन्हें एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई. उस समय किसी ने ज्यादा सवाल नहीं उठाए. हादसे के बाद मौत हुई और परिवार ने अंतिम संस्कार कर दिया. लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं हुई।
कुछ समय बाद संदीप के परिजनों ने पुलिस के सामने गंभीर आरोप लगाए. उनका कहना था कि संदीप की पत्नी सुमा मंजारी और उसके कथित प्रेमी पुंडलिक डोंबर ने मिलकर उनकी हत्या की साजिश रची. परिजनों का आरोप है कि अस्पताल में इलाज के दौरान संदीप को ग्लूकोज की बोतल के जरिए जहर दिया गया. यही वजह थी कि हादसे से बचने के बावजूद उनकी जान चली गई।
जब सामने आया एक सेल्फी वीडियो
मामले में ट्विस्ट तब आया, जब पुंडलिक डोंबर का एक सेल्फी वीडियो सामने आया. इस वीडियो में उसने कई सनसनीखेज दावे किए. उसके मुताबिक, सुमा ने उससे अपने पति की करीब 2 करोड़ रुपये की बीमा पॉलिसी का जिक्र किया था. उसने यह भी दावा किया कि बीमा का पैसा मिलने के बाद दोनों बेलगावी में नई जिंदगी शुरू करने की बात कर रहे थे।
इसके आगे वीडियो में पुंडलिक ने यह भी कहा कि संदीप की मौत से पहले उससे कीटनाशक लाने के लिए कहा गया था. परिवार की शिकायत और सामने आए आरोपों के बाद पुलिस ने कोर्ट से अनुमति लेकर संदीप का शव करीब तीन महीने बाद कब्र से बाहर निकलवाया।
बेलगावी के सहायक आयुक्त श्रवण कुमार की मौजूदगी में पूरी प्रक्रिया कराई गई. शव से सैंपल लिए गए और उन्हें दोबारा जांच के लिए फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) भेज दिया गया. पुलिस ने इस मामले में संदीप की पत्नी सुमा मंजारी और कथित प्रेमी पुंडलिक डोंबर से पूछताछ की है. यमकनमरडी थाने में मामला दर्ज है और जांच जारी है।
अधिकारियों का कहना है कि आगे की कार्रवाई जांच के आधार पर की जाएगी. सवाल है कि क्या संदीप मंजारी की मौत महज हादसा थी, या फिर यह बीमा की रकम के लिए रची गई हत्या की साजिश? इस सवाल का जवाब तलाशने के लिए अब फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार हो रहा है।









