धनबाद
31 मई को विश्व तंबाकू निषेध दिवस है। ग्लोबल एडल्ट टबैको सर्वे-टू 2016-17 के अनुसार राज्य में 38.9 प्रतिशत वयस्क किसी न किसी रूप में तंबाकू का सेवन करते हैं।
ग्लोबल यूथ टबैको सर्वे-फोर 2019 के अनुसार झारखंड में 13-15 आयु वर्ग के 5.1 प्रतिशत विद्यार्थी वर्तमान में किसी न किसी तंबाकू उत्पाद का उपयोग करते हैं। इनमें तीन प्रतिशत पान उत्पाद तथा 2.7 प्रतिशत धूम्ररहित तंबाकू उत्पाद का उपयोग करते हैं। इसी सर्वेक्षण में 6.7 प्रतिशत विद्यार्थियों ने घर, 17.6 प्रतिशत ने बंद सार्वजनिक स्थल तथा 19.7 प्रतिशत ने खुले सार्वजनिक स्थानों में परोक्ष धूम्रपान करते पाए गए।
ग्लोबल यूथ टबैको सर्वे-फोर के विद्यालय-आधारित अवलोकन में झारखंड के 76.7 प्रतिशत विद्यालयों में परिसर, प्रवेश द्वार, 100 गज की परिधि में तंबाकू उपयोग के संकेत मिले। निकोटीन बच्चों एवं किशोरों में लत, सीखने की क्षमता, ध्यान, व्यवहार तथा मानसिक स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डालता है।
इसलिए विद्यालयों के अंदर और आसपास तंबाकू नियंत्रण, जागरूकता तथा प्रवर्तन को प्राथमिकता से लागू किया जाना आवश्यक है। इसी उद्देश्य की पूर्ति के लिए स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग ने सभी डीईओ-डीएसई को 11 जून से 18 जून तक अपने जिले के सभी सरकारी, सहायता प्राप्त, निजी एवं आवासीय विद्यालयों तथा शैक्षणिक संस्थानों में जागरूकता के लिए विभिन्न गतिविधियां कराने का निर्देश दिया है।
प्रखंड व जिला स्तर पर होंगे कार्यक्रम
जिला एवं प्रखंड स्तर पर बैठक, विद्यालयों में तंबाकू निषेध शपथ, प्रभात फेरी रैली, निबंध, वाद-विवाद, क्विज, चित्रकला, पोस्टर प्रतियोगिता, नुक्कड़ नाटक, समूह चर्चा का आयोजन शामिल है। सभी जिलों में शैक्षणिक संस्थानों के 100 मीटर की परिधि में विशेष प्रवर्तन अभियान चलेगा।
प्रवर्तन के दौरान दुकानों की सूची, चेतावनी, चालान, हटाए गए विक्रय केंद्र, जब्ती एवं अन्य कार्रवाई का रिकार्ड रखा जाएगा। जिला स्तर पर डीईओ-डीएसई, जिला तंबाकू, नियंत्रण समन्वय समिति, स्वास्थ्य विभाग, पुलिस, अनुमंडल पदाधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी, नगर निकाय तथा अन्य संबंधित पदाधिकारियों के साथ समन्वय बैठक भी होगी।









