अंग्रेजी में संवाद की झिझक होगी दूर, आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ेंगे छत्तीसगढ़ के युवा

रायपुर

 छत्तीसगढ़ के जनजातीय, ग्रामीण और दूरस्थ अंचलों के विद्यार्थियों को अंग्रेजी भाषा में संवाद करने में सक्षम बनाने तथा उनका आत्मविश्वास बढ़ाने के उद्देश्य से प्रदेश के महाविद्यालयों में आज से विशेष अंग्रेजी सम्प्रेषण प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रारंभ हो गया है। मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय की मंशा के अनुरूप उच्च शिक्षा मंत्री  टंक राम वर्मा की विशेष पहल पर शुरू किए गए इस कार्यक्रम के अंतर्गत स्नातक एवं स्नातकोत्तर स्तर के विद्यार्थियों को 90 दिनों में 90 घंटे का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इससे विद्यार्थियों को अंग्रेजी में अपनी बात प्रभावी ढंग से रखने के साथ ही उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं और रोजगार के अवसरों के लिए बेहतर तैयारी करने में मदद मिलेगी।

उच्च शिक्षा विभाग द्वारा संचालित इस कार्यक्रम का क्रियान्वयन उच्च शिक्षा संचालनालय एवं रूसा के आर.क्यू.आई.ए. सी.सी. के माध्यम से किया जा रहा है। महाविद्यालयों में प्रत्येक कार्यदिवस प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए जाएंगे। प्रशिक्षण के दौरान विद्यार्थियों को अंग्रेजी में बातचीत करने, अपने विचार स्पष्ट रूप से व्यक्त करने, साक्षात्कार में आत्मविश्वास के साथ उत्तर देने तथा दैनिक जीवन में अंग्रेजी भाषा के व्यावहारिक उपयोग का अभ्यास कराया जाएगा।

ग्रामीण प्रतिभाओं को मिलेगा आगे बढ़ने का अवसर – उच्च शिक्षा मंत्री  टंक राम वर्मा

उच्च शिक्षा मंत्री  टंक राम वर्मा ने कहा कि छत्तीसगढ़ के जनजातीय और ग्रामीण अंचलों में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। आवश्यकता उन्हें बेहतर अवसर, उचित मार्गदर्शन और अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए आत्मविश्वास प्रदान करने की है। उन्होंने कहा कि अंग्रेजी भाषा में संवाद करने की झिझक कई बार प्रतिभाशाली विद्यार्थियों के आगे बढ़ने में बाधा बनती है। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम से विद्यार्थियों का संकोच दूर होगा और वे अपनी योग्यता एवं विचारों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत कर सकेंगे।
      मंत्री  वर्मा ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल शैक्षणिक ज्ञान उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि उन्हें व्यावहारिक जीवन की चुनौतियों और रोजगार के अवसरों के लिए भी तैयार करना है। यह पहल युवाओं के व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास और बेहतर भविष्य की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

ग्रामीण और जनजातीय अंचलों की छात्राओं को मिलेगा विशेष लाभ

  इस कार्यक्रम से विशेष रूप से ग्रामीण एवं जनजातीय क्षेत्रों की छात्राओं को लाभ मिलेगा। अंग्रेजी में संवाद करने की क्षमता विकसित होने से वे उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं, शासकीय एवं निजी क्षेत्र की नौकरियों के साक्षात्कार तथा अन्य अवसरों पर अधिक सहजता और आत्मविश्वास के साथ अपनी बात रख सकेंगी। इससे विद्यार्थियों के लिए आगे बढ़ने के नए अवसर खुलेंगे।
राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 की भावना के अनुरूप शुरू किया गया यह प्रशिक्षण कार्यक्रम विद्यार्थियों के शैक्षणिक ज्ञान के साथ उनके व्यावहारिक एवं संचार कौशल को विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। कार्यक्रम के प्रभावी संचालन के लिए राज्य स्तरीय एवं संभाग स्तरीय मास्टर ट्रेनर्स का प्रशिक्षण पहले ही पूरा किया जा चुका है। वर्तमान में प्रदेश के अधिकांश पात्र महाविद्यालयों में प्रशिक्षण प्रारंभ हो गया है।

इस पहल से प्रदेश के विद्यार्थियों को भाषा संबंधी संकोच दूर करने, अपनी प्रतिभा निखारने और आत्मविश्वास के साथ उच्च शिक्षा एवं रोजगार के अवसरों का लाभ उठाने में मदद मिलेगी।

Recent Post

Live Cricket Update

You May Like This

error: Content is protected !!

4th piller को सपोर्ट करने के लिए आप Gpay - 7587428786