खरगे के बयान पर बिहार में सियासी घमासान, BJP-JDU ने मांगी माफी; मोदी को लेकर टिप्पणी पर विवाद तेज

पटना
पटना में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के बयान ने बिहार की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को लेकर की गई उनकी टिप्पणियों पर भाजपा और जदयू ने तीखी प्रतिक्रिया दी है।

भाजपा नेताओं ने खरगे के बयान को राजनीतिक मर्यादा के खिलाफ बताते हुए कांग्रेस नेतृत्व से माफी की मांग की है। वहीं, जदयू ने नीतीश कुमार पर टिप्पणी करने के खरगे के अधिकार और राजनीतिक हैसियत पर सवाल उठाए हैं।

श्रीकृष्ण सिंह जयंती समारोह से शुरू हुआ विवाद
विवाद रविवार को पटना में बिहार के पहले मुख्यमंत्री श्रीकृष्ण सिंह की 139वीं जयंती पर आयोजित कार्यक्रम के दौरान सामने आया। भाषण में खरगे चुनावी धांधली के आरोपों का जिक्र कर रहे थे।

इसी बीच भीड़ से आवाज आने के बाद उनकी प्रतिक्रिया ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया। उनके बयान को लेकर भाजपा और जदयू ने कांग्रेस पर हमला बोल दिया।

सम्राट चौधरी ने उठाया भाषा की मर्यादा का सवाल
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने खरगे की टिप्पणी को अमर्यादित बताते हुए कहा कि प्रधानमंत्री के दिवंगत पिता के प्रति इस तरह की भाषा स्वीकार्य नहीं है।

उन्होंने खरगे और राहुल गांधी से देश से माफी मांगने की मांग की। भाजपा नेताओं ने भी कहा कि राजनीतिक विरोध अपनी जगह है, लेकिन व्यक्तिगत टिप्पणी और सार्वजनिक भाषा की मर्यादा का ध्यान रखा जाना चाहिए।

भाजपा का आरोप-गांधी परिवार की स्क्रिप्ट पढ़ रहे खरगे
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने खरगे के बयान को गांधी परिवार की राजनीतिक रणनीति से जोड़ते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने चुनाव में हार और वोट चोरी के आरोपों को लेकर कांग्रेस की आलोचना की।

सरावगी का दावा है कि कांग्रेस को अपनी राजनीतिक स्थिति की समीक्षा करनी चाहिए, न कि अपनी विफलताओं का ठीकरा दूसरी पार्टियों पर फोड़ना चाहिए।

नित्यानंद राय ने कांग्रेस पर साधा निशाना
केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने आरोप लगाया कि लगातार चुनावी हार के कारण कांग्रेस नेतृत्व हताश है और इसी वजह से आपत्तिजनक बयान दिए जा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के खिलाफ इस तरह की टिप्पणी लोकतांत्रिक मर्यादाओं के अनुरूप नहीं है। राय ने दावा किया कि जनता ऐसे बयानों का जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देगी।

ऋतुराज सिन्हा बोले-राजनीतिक बहस में व्यक्तिगत हमला उचित नहीं
भाजपा नेता ऋतुराज सिन्हा ने भी खरगे की टिप्पणी की आलोचना की। उन्होंने कहा कि चुनावी नतीजों और जनहित के मुद्दों पर बहस करने के बजाय व्यक्तिगत हमले करना उचित नहीं है।

सिन्हा ने प्रधानमंत्री के दिवंगत पिता को राजनीतिक बयानबाजी में शामिल करने पर आपत्ति जताते हुए खरगे और कांग्रेस नेतृत्व से बिना शर्त माफी की मांग की।

नीतीश कुमार पर टिप्पणी को लेकर जदयू ने कांग्रेस को घेरा
जदयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने नीतीश कुमार को समाजवादी विचारधारा का प्रमुख नेता बताते हुए कहा कि उनके लंबे राजनीतिक जीवन पर टिप्पणी करने से पहले कांग्रेस को अपने राजनीतिक रिकॉर्ड पर विचार करना चाहिए।

उन्होंने खरगे के बयान को लेकर कांग्रेस नेतृत्व पर निशाना साधा और कहा कि नीतीश कुमार को किसी के प्रमाणपत्र की जरूरत नहीं है।

संजय झा की मांग-खरगे माफी मांगें, कांग्रेस ले जिम्मेदारी
जदयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर प्रतिक्रिया देते हुए खरगे से बिना शर्त माफी मांगने की मांग की।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के खिलाफ की गई व्यक्तिगत टिप्पणी को सामान्य राजनीतिक आलोचना नहीं माना जा सकता। झा ने कांग्रेस से भी इस मामले में जवाबदेही लेने को कहा।

बयानबाजी से बढ़ा राजनीतिक टकराव
खरगे की टिप्पणी के बाद भाजपा और जदयू ने कांग्रेस को निशाने पर लेते हुए माफी की मांग तेज कर दी है। भाजपा नेताओं ने इसे राजनीतिक मर्यादा का मुद्दा बनाया, जबकि जदयू ने नीतीश कुमार पर टिप्पणी को लेकर कांग्रेस पर पलटवार किया।

इस पूरे घटनाक्रम ने बिहार में सियासी बयानबाजी को और तेज कर दिया है। हालांकि, नेताओं की ओर से लगाए गए आरोप और राजनीतिक प्रतिक्रियाएं उनके अपने दावे हैं।

Recent Post

Live Cricket Update

You May Like This

error: Content is protected !!

4th piller को सपोर्ट करने के लिए आप Gpay - 7587428786