न्यूयॉर्क
सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक भारतीय कंटेंट क्रिएटर अमेरिकी सेना से जुड़े फायदों के बारे में बता रही हैं। इस महिला का नाम मेघा है और उनकी शादी अमेरिकी सेना के जवान मिशेल लेलैंड हिल से हुई है। कपल ने अपने ज्वाइंट इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो शेयर कर अमेरिकी मिलिट्री परिवार होने के 'तीन सबसे बड़े फायदों' का खुलासा किया है। इस वीडियो के वायरल होने के बाद इंटरनेट पर लोग अमेरिकी और भारतीय सेना की सुविधाओं की तुलना कर रहे हैं।
अमेरिकी सेना के 3 सबसे बड़े फायदे
वायरल क्लिप में मेघा अपने पति मिशेल से अमेरिकी सेना के जवानों को मिलने वाले फायदों के बारे में बताने को कहती हैं। मिशेल ने यह तीन मुख्य फायदे गिनाए हैं।
जिंदगीभर की मुफ्त शिक्षा- मिशेल ने इसे "जीवन भर के लिए मुफ्त शिक्षा" बताया है। उन्होंने कहा कि पूरे देश के किसी भी स्कूल में पढ़ाई करने के लिए हर महीने 1000 डॉलर दिए जाते हैं।
फ्री हेल्थकेयर- सैन्य कर्मियों को 'डिपार्टमेंट ऑफ वेटरन्स अफेयर्स' के जरिए जिंदगी भर मुफ्त स्वास्थ्य सेवाएं मिलती हैं। वे देश भर में मौजूद किसी भी मेडिकल सुविधा केंद्र में अपना इलाज करा सकते हैं।
महज 13,000 रुपये में खुद का घर- कपल के मुताबिक घर खरीदने के लिए सेना के जवानों को सिर्फ पेपरवर्क यानी कागजी कार्रवाई के पैसे देने होते हैं। मिशेल बताते हैं कि इसके लिए महज 140 डॉलर का खर्च आता है और घर की चाबियां आपको मिल जाती हैं। इस पर मेघा आगे कहती हैं कि 140 डॉलर यानी लगभग 13,000 रुपये देकर आप अपना घर खरीद सकते हैं। एक अन्य वीडियो में मेघा और मिशेल बताते हैं कि उन्हें बतौर सैनिक उन्हें 4200 डॉलर हर महीने मिलते हैं जोकि भारत के लिहाज 4 लाख रुपये के बराबर है।
वीडियो पर आए 22 लाख से ज्यादा व्यूज, लोगों ने दिए ऐसे रिएक्शन
इंस्टाग्राम पर इस वीडियो को अब तक 22 लाख से ज्यादा बार देखा जा चुका है। कमेंट सेक्शन में यूजर्स जमकर अपनी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं और इस बात पर बहस कर रहे हैं कि क्या भारतीय रक्षा परिवारों को भी इसी तरह के फायदे मिलते हैं या नहीं। एक यूजर ने मजाक करते हुए लिखा, "लकी लड़की, उसे सरकारी नौकरी वाला पति मिल गया।" दूसरे यूजर ने लिखा कि ये सभी और इससे भी ज्यादा सुविधाएं भारतीय रक्षा कर्मियों, पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों को भी उपलब्ध हैं।
एक अन्य यूजर ने भारतीय सेना से जुड़े अपने बचपन के अनुभव शेयर करते हुए लिखा, "भारत में भी ऐसा ही है। मेरे पिता सेना में थे और हमें कैंटोनमेंट एरिया में आर्मी क्वार्टर मिलता था। सेना द्वारा चलाए जाने वाले मिलिट्री स्कूलों में बेहतरीन पढ़ाई, जिसमें पिक-एंड-ड्रॉप सुविधा और उच्च शिक्षित आर्मी पत्नियां टीचर होती थीं। खाने का भत्ता बहुत ज्यादा था और सेना के इलाके में डिस्काउंटेड ग्रॉसरी भी मिलती थी।"
2 महीने में मिल गया ग्रीन कार्ड
मेघा एक अन्य वीडियो में बताती हैं कि उन्हें सिर्फ 2 महीनों में अपना ग्रीन कार्ड मिल गया। बता दें कि ग्रीन कार्ड अमेरिका में एक स्थाई निवासी कार्ड होता है। यह एक आधिकारिक पहचान पत्र है। यह किसी व्यक्ति को अपना मूल देश छोड़े बिना अमेरिका में हमेशा के लिए रहने और काम करने की अनुमति देता है। मेघा बताती हैं, "मेरे पति अमेरिकी आर्मी से हैं और उन्होंने दो युद्धों में सेवा की है; हमारी इमिग्रेशन की प्रक्रिया हमारी उम्मीद से कहीं ज्यादा तेजी से पूरी हुई।"








