रायपुर.
छत्तीसगढ़ में दक्षिण-पश्चिम मानसून का कहर जारी है. तेज बारिश के कारण नदी-नाले उफान पर हैं. राजधानी रायपुर में बुधवार को सुबह से हल्की बारिश हो रही है. तापमान गिरने से राहत मिली लेकिन जलभराव जैसी स्थिति से लोग परेशान हो रहे हैं.
मौसम विभाग ने अगले 5 दिनों तक पूरे प्रदेश में मानसून के सक्रिय रहने की संभावना जताई है. मौसम विभाग ने जानकारी दी कि प्रदेश में पिछले 24 घंटों के दौरान को बिलासपुर संभाग के अधिकांश स्थानों में वर्षा हुई. कुछ स्थानों पर भारी वर्षा दर्ज की गई. इस दौरान अंबिकापुर में सर्वाधिक तापमान 29.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. धमतरी जिले में भी लगातार बारिश हो रही है. यहां भारी बारिश से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है. बांधों के जलस्तर में बढ़ोतरी हुई है. कई जगहों पर जलभराव की समस्या सामने आ रही है. इस बीच बाढ़ जैसी स्थिति से निपटने तैयार के लिए प्रशासन अलर्ट मोड पर है. रायपुर शहर के लिए स्थानीय 22 जुलाई को आकाश मेघमय रहने तथा कुछ बार वर्षा या गरज-चमक के साथ वर्षा होने की संभावना है. अधिकतम और न्यूनतम 29°C और 25°C के आसपास रहने की संभावना है.
रायगढ़, पेंड्रा में जमकर बरसे बादल
प्रदेश में मंगलवार को हुई बारिश के आंकड़े मौसम विभाग ने जारी किए हैं. रायगढ़ में 13 सेंटीमीटर, पेंड्रा में 12, पुसौर, तमनार में 10-10, बरपाली में 9, सारंगढ़, रामचंद्रपुर, मालखरौदा, कुटरू, अकलतरा, बम्हनीडीह, धाभरा, बलौदा, दौरा कोचली में 7-7 सेंटीमीटर, सरसींवा, दर्री, खरसिया, मस्तूरी, वाड्रफनगर, लटोरी, नवागढ़, छिंदगढ़, कापू, अमलीपदर में 6-6, कुकरेल, कोंटा, जांजगीर, रामानुजनगर, जैजैपुर, नारायणपुर, शिवरीनारायण, रामानुजगंज, बारसूर, बरमकेला, पामगढ़, चंद्रपुर, देवभोग, जनकपुर भरतपुर, मरवाही, गीदम में 5-5, सारागांव, रघुनाथ नगर, पचपेड़ी, गादीरास, गिधौरी तुंदरा, भटगांव, पसान, जगरगुंडा में 3-3 सेंटीमीटर वर्षा हुई.
सिनोप्टिक सिस्टम
मौसम विभाग के बताया कि मानसून द्रोणिका मध्य समुद्र तल पर श्रीगंगानगर, रोहतक, हमीरपुर, सीधी, रांची, दीघा और उसके बाद दक्षिण पूर्व की ओर उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी तक 1.5 किलोमीटर ऊंचाई तक विस्तारित है. एक ऊपरी हवा का चक्रीय चक्रवाती परिसंचरण उत्तर पूर्व मध्यप्रदेश और उसके आसपास 3.1 किलोमीटर ऊंचाई तक विस्तारित है. दूसरा ऊपरी हवा का चक्रीय चक्रवाती परिसंचरण पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी और उससे लगे उत्तर तटीय आंध्रप्रदेश के ऊपर 5.8 किलोमीटर से 7.6 किलोमीटर ऊंचाई तक विस्तारित है. एक द्रोणिका पश्चिम मध्य बंगाल की खाड़ी से उत्तर पूर्व अरब सागर तक छत्तीसगढ़ होते हुए 3.1 किलोमीटर से 5.8 किलोमीटर ऊंचाई तक विस्तारित है. इन सभी मौसम प्रणालियों के कारण आज प्रदेशभर में बारिश का दौर जारी रहने के आसार बन रहे हैं. कुछ स्थानों पर भारी वर्षा के साथ वज्रपात होने की संभावना मौसम विभाग ने जताई है.
अधिकांश जिलों में बारिश का अलर्ट
प्रदेश के अधिकांश जिलों में बुधवार सुबह मौसम बिगड़ने वाला है. मौसम विभाग ने कई जिलों के लिए अलर्ट जारी किया है. बीजापुर, दक्षिण बस्तर दंतेवाड़ा, बस्तर, नारायणपुर, कोंडागांव, उत्तर बस्तर कांकेर, धमतरी, बालोद, राजनांदगांव, गरियाबंद, रायपुर, बलौदा बाज़ार, जांजगीर-चांपा, रायगढ़, बिलासपुर, कोरबा, जशपुर, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही, दुर्ग, बेमेतरा, सुरगुजा, सूरजपुर, कोरिया और बलरामपुर में 40-60 किमी की तेज हवाएं चलने और बारिश होने को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. इसके अतिरिक्त सुकमा, बीजापुर, दक्षिण बस्तर दंतेवाड़ा, बस्तर, कोंडागांव, धमतरी, राजनांदगांव, गरियाबंद, महासमुंद, रायपुर, बलौदा बाज़ार, जांजगीर-चांपा, रायगढ़, बिलासपुर, जशपुर, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही, बेमेतरा, कबीरधाम, मुंगेली, सुरगुजा, सूरजपुर और बलरामपुर में बारिश होने को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है.









