चंडीगढ़
प्रदेश में अब राशन डिपो के लिए आवेदन प्रक्रिया सरल पोर्टल के माध्यम से पूरी तरह ऑनलाइन कर दी गई है। साथ ही नए राशन डिपो का 33 फीसदी कोटा महिलाओं के लिए तय किया गया है। अच्छा आचरण होने पर 60 वर्ष के बाद भी डिपो धारकों की अवधि 5 साल और बढ़ाने का प्रावधान किया गया है। प्रदेश सरकार ने नए नियमों की अधिसूचना जारी कर दी है।
नए नियमों के तहत डिपो धारक की मृत्यु होने पर उसके परिवार के एक सदस्य को सहानुभूति के आधार पर लाइसेंस दिया जा सकेगा। कोटे के आधार पर हर तीसरी दुकान महिलाओं के लिए आरक्षित होगी। एसिड अटैक पीड़ित, स्वयं सहायता समूह, विधवा, तलाकशुदा, अनुसूचित जाति व पिछड़ा वर्ग की महिलाओं को प्राथमिकता दी जाएगी। यदि किसी क्षेत्र में महिलाओं के आवेदन नहीं आते हैं तो पहले उन्हें आवेदन के लिए दो मौके दिए जाएंगे। इसके बाद ही डिपो किसी और को आवंटित किया जा जाएगा।
डिपो के लिए ये नहीं कर सकेंगे आवेदन
अब कोई भी व्यक्ति अगर पहले से डिपो धारक है तो वह दूसरे डिपो के लिए आवेदन नहीं कर सकेगा। इसके साथ ही डिपो धारकों के परिवार के लोग और रिश्तेदारों भी आवेदन नहीं कर पाएंगे। पंच, सरपंच, विधायक, सांसद किसी भी जनप्रतिनिधि के पारिवारिक सदस्य या रिश्तेदार भी डिपो के लिए आवेदन नहीं कर सकते हैं। अगर कोई डिपो धारक बाद में सरपंच या पार्षद बन जाता है तो उसका लाइसेंस भी रद्द माना जाएगा। साथ ही राज्य या केंद्र सरकार का स्थायी या अनुबंधित कर्मचारी भी डिपो के लिए आवेदन नहीं कर सकेगा। अगर कोई डिपो धारक बाद में सरकारी नौकरी में आ जाता है तो उसका लाइसेंस रद्द कर दिया जाएगा।









