चंडीगढ़.
हरियाणा कौशल रोजगार निगम के तहत जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग में लगे हजारों कर्मचारियों को जाब सुरक्षा के लिए आवेदन करने में देरी हो रही है। इसकी वजह यह है कि अभी तक विभागीय पत्र जारी नहीं हुआ है और आवेदन करने की अंतिम तिथि 31 जनवरी नजदीक आ रही है।
हरियाणा गवर्नमेंट पीडब्ल्यूडी मैकेनिकल वर्कर यूनियन ने अभी तक पत्र जारी नहीं होने पर नाराजगी जाहिर की है। यूनियन के राज्य प्रधान ईश्वर शर्मा और राज्य महासचिव संदल सिंह राणा ने कहा कि जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के कर्मचारी जाब सुरक्षा नियमों की सभी शर्तों को पूरा करते हैं। फिर भी अभी तक कोई विभागीय पत्र जारी नहीं हुआ है, जिस कारण कर्मचारियों में अपनी जाब सुरक्षा को लेकर असमंजस और भय बना हुआ है। यूनियन के राज्य महासचिव संदल सिंह राणा ने बताया कि विभागीय देरी से होने वाले नुकसान पर चर्चा और अधिकारियों पर दबाव बनाने के लिए 21 जनवरी को हरियाणा सयुंक्त कर्मचारी संघ ने रोहतक में राज्य प्रधान ईश्वर शर्मा की अध्यक्षता में बैठक बुलाई है।
इस बैठक में हरियाणा कौशल रोजगार निगम, ट्रंप अप्वाइंटी, पंचायत के अधीन, दैनिक वेतन भोगी, कर्मचारियों को जाब सुरक्षा दिलाने के लिए, सभी ब्रांचों के सफलतापूर्वक चुनाव संपन्न कराने और आगामी त्रिवार्षिक जिला कमेटी के चुनाव की तारीख निश्चित करने के प्रस्तावों पर फैसले लिए जाएंगे। सभी ट्रंप अप्वाइंटी कर्मचारियों के डाटा को कौशल रोजगार निगम पर अपलोड कर उन्हें जाब सुरक्षा दी जानी चाहिये। कोर्ट केस के बाद भी जाब सुरक्षा नहीं दी जा रही है। वर्ष 2020 से 2023 तक की बाकी एलटीसी अभी तक जिन कर्मचारियों को नहीं मिली है, वह भी देने की मांग इस बैठक में होगी।
वित्त विभाग द्वारा इस वर्ष की एलटीसी को रद कर देने की सूचना आ रही है। यदि यह सूचना सही है तो फिर विभागीय अधिकारियों के विरुद्ध आंदोलन की रणनीति तैयार कर उन्हें एलटीसी को बहाल करने के लिए तैयार किया जाएगा। संदल सिंह राणा ने बताया कि विभाग द्वारा रेगुलर कर्मचारियों के सर्कल स्तर पर पदों को बढ़ाने के लिए संघर्ष किया जा रहा है। उनको तीन महीने बीत जाने के बाद भी एचआरएमएस पर नहीं चढ़ाया गया है, जिससे कर्मचारियों की पदोन्नति में रूकावट आ रही है। वाशिंग भत्ते की किस्त भी जारी नहीं की जा रही है।
राज्य प्रभान ईश्वर सिंह ने कहा कि सरकार की ओर से पांच वर्ष से ज्यादा समय वाले सभी कर्मचारियों को जाब सुरक्षा की गारंटी दी जानी चाहिए, जिसके लिए सरकार की ओर से 31 जनवरी तक सभी कर्मचारियों का डाटा अपलोड करवाना है, लेकिन कुछ दिन ही बाकी रह गए हैं, मगर अभी तक न तो कर्मचारियों के लागिन करने के लिए ओटीपी आ रहें हैं और न ही आवेदन प्रक्रिया शुरू हुई है। उनका डाटा आनलाइन नहीं हो रहा। आवेदन करने के लिए साफ दिशानिर्देश नहीं होने के कारण जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के हजारों कर्मचारी दुविधा की स्थिति में हैं।









